झारखंड में पिछले करीब दो वर्षों से छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति नहीं मिलने का मुद्दा अब सड़कों पर उतर आया है। इसी को लेकर आज NSUI ने मोरहाबादी मैदान से लोक भवन तक जन आक्रोश मार्च निकाला। मार्च के दौरान छात्रों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए छात्रवृत्ति राशि शीघ्र जारी करने की मांग की।
छात्र संगठनों का आरोप है कि छात्रवृत्ति की राशि में केंद्र और राज्य दोनों का योगदान होता है, लेकिन केंद्र सरकार अपने हिस्से का लगभग 60 प्रतिशत फंड जारी नहीं कर रही, जिससे भुगतान अटका हुआ है। NSUI नेताओं ने इसे झारखंड के साथ “सौतेला व्यवहार” बताते हुए राजनीतिक भेदभाव का आरोप लगाया।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश और बंधु तिर्की भी मार्च में शामिल हुए। उन्होंने कहा कि 2022 से छात्रवृत्ति लंबित है और केंद्र से राशि आए बिना राज्य सरकार भी भुगतान नहीं कर सकती।

