पुलिस मुख्यालय, राँची में आज DGsP/IGsP Conference 2025 के मैसेंजर डिब्रीफिंग को लेकर राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की संयुक्त अध्यक्षता अपर मुख्य सचिव (गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन) श्रीमती वंदना दादेल और पुलिस महानिदेशक श्रीमती तदाशा मिश्रा ने की।
बैठक में सम्मेलन के निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन की समीक्षा करते हुए राज्य भर में कानून व्यवस्था को और सुदृढ़ करने हेतु कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए गए। अधिकारियों को नए आपराधिक कानूनों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने, बीट पुलिसिंग एवं सामुदायिक सहभागिता को मजबूत करने तथा गिरफ्तारी केंद्रित पुलिसिंग के बजाय दोषसिद्धि उन्मुख जांच पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
नक्सल प्रभावित जिलों में कल्याणकारी गतिविधियों, युवा सहभागिता, खेल और सांस्कृतिक कार्यक्रमों को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। साथ ही NATGRID, NAFIS, CCTNS, ई-कोर्ट और AI आधारित विश्लेषण जैसी आधुनिक तकनीकों के प्रभावी उपयोग के निर्देश दिए गए।
बैठक में साइबर धोखाधड़ी, मादक पदार्थों के नेटवर्क और सोशल मीडिया दुरुपयोग के प्रति आम जनता को जागरूक करने के लिए व्यापक अभियान चलाने पर बल दिया गया। एंटी ड्रग रणनीति तैयार कर नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने तथा I-Got पोर्टल के माध्यम से प्रशिक्षण की प्रगति की नियमित समीक्षा करने के निर्देश भी दिए गए।
पर्यटन पुलिसिंग को सुदृढ़ कर पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने, ई-साक्ष्य ऐप के शत-प्रतिशत अनुपालन, पॉक्सो एक्ट एवं अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम से संबंधित मामलों की अद्यतन समीक्षा तथा उग्रवादियों के आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी जोर दिया गया। महिला सुरक्षा से जुड़े मामलों में त्वरित और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में पुलिस एवं प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे ।

