राँची समाहरणालय के ब्लॉक-बी सभागार में करमा पूर्व संध्या समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त राँची मंजूनाथ भजन्त्री एवं वरीय पुलिस अधीक्षक राँची राकेश रंजन शामिल हुए। दोनों अधिकारियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस दौरान समाहरणालय कर्मियों ने पारंपरिक पगड़ी और शॉल भेंट कर उनका स्वागत किया।

समाहरणालय कर्मियों ने करमा गीत और पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत किए, जिससे सभागार में उत्साह और उल्लास का माहौल बना रहा। कार्यक्रम के दौरान उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने स्वयं मांदर बजाकर समारोह का उत्साह बढ़ाया।
इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि करमा प्रकृति का पर्व है और यह हमें प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाकर जीवन जीने का संदेश देता है। उन्होंने झारखंड की संस्कृति, वेशभूषा, खान-पान, नृत्य और प्रकृति के प्रति लोगों के जुड़ाव की सराहना की। उन्होंने कहा कि आदिवासी समुदाय से अपनी परंपराओं और प्रकृति के संरक्षण की सीख लेने की आवश्यकता है।
उपायुक्त ने समाहरणालय कर्मियों की भी प्रशंसा करते हुए कहा कि उनका प्रकृति और संस्कृति से जुड़ाव सराहनीय है। उन्होंने एसएसपी राकेश रंजन के प्रकृति पर्व से जुड़ाव की भी सराहना की।
कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त राँची संजय भगत, अनुमंडल पदाधिकारी सदर राँची कुमार रजत, ट्रेनी आईएएस अधिकारी आस्था शरण, अपर प्रशासक राँची नगर निगम संजय कुमार, परियोजना निदेशक (ITDA) राँची मनीषा तिर्की, जिला परिवहन पदाधिकारी राँची अखिलेश कुमार, नजारत उप समाहर्ता राँची डॉ. सुदेश कुमार एवं समाहरणालय के सभी कर्मी उपस्थित थे।

