कौन कहता है कि आसमां में सुराख नहीं हो सकता,
एक पत्थर तो तबीयत से उछालो यारो !
राँची की एक छात्रा ने यह साबित कर दिया है कि अगर अपनी मेहनत पर भरोसा हो, तो परिणाम बदलने में भी देर नहीं लगती। राजधानी राँची के दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस), सेल टाउनशिप की छात्रा अवनी केजरीवाल ने सीबीएसई 12वीं बोर्ड परीक्षा के री-इवैल्यूएशन के बाद ऐसा मुकाम हासिल किया है, जिसने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।
कॉमर्स स्ट्रीम की छात्रा अवनी को प्रारंभिक परिणाम में अपेक्षा के अनुरूप अंक नहीं मिले थे। हालांकि उन्होंने हार मानने के बजाय अपने प्रदर्शन पर विश्वास जताया और उत्तरपुस्तिकाओं के पुनर्मूल्यांकन का विकल्प चुना। पुनर्मूल्यांकन के बाद जारी परिणाम में अवनी ने 500 में से 500 अंक हासिल कर शत-प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं।
इस उपलब्धि के साथ अवनी ने ऑल इंडिया टॉपर के रूप में अपनी पहचान बनाई है। उनकी सफलता न केवल उनके परिवार और विद्यालय के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे झारखंड के लिए भी एक बड़ी उपलब्धि बनकर सामने आई है।
अवनी की यह सफलता इस बात का उदाहरण है कि दृढ़ विश्वास, निरंतर मेहनत और सही दिशा में किए गए प्रयास बड़े से बड़े लक्ष्य को हासिल करने में मदद करते हैं। आज उनकी उपलब्धि हजारों विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा बन गई है।
राँची की इस मेधावी बेटी की सफलता पर विद्यालय, शिक्षकों, अभिभावकों और शुभचिंतकों में खुशी का माहौल है।

